मक्का में दो बांग्लादेशी नागरिकों को मौत की सजा दिए जाने के मामले में बांग्लादेश ने सऊदी अरब से 6 सवालों के जवाब मांगे हैं। ढाका ने आरोप, गिरफ्तारी, अदालत की प्रक्रिया, कानूनी सहायता, सजा देने के तरीके और शवों की स्थिति पर स्पष्टीकरण मांगा है।

बांग्लादेश का कहना है कि सजा पर अमल से पहले उसे सऊदी अधिकारियों की ओर से कोई आधिकारिक सूचना नहीं दी गई थी। सऊदी अरब की ओर से इस मामले में भेजे गए सवालों का जवाब अभी नहीं मिला है।

ढाका ने सऊदी से क्या पूछा

बांग्लादेशी समाचार पत्र प्रथम आलो के मुताबिक, ढाका ने दोनों नागरिकों के खिलाफ लगाए गए आरोपों और कथित घटना की तारीख और जगह की जानकारी मांगी है। उसने दोनों की गिरफ्तारी की तारीखें बताने तथा अदालत के फैसलों की प्रमाणित प्रतियां उपलब्ध कराने को भी कहा है।

बांग्लादेश ने यह भी पूछा है कि मौत की सजा किस तरीके से दी गई। सवालों में यह जानना शामिल है कि क्या उनका सिर कलम किया गया या सजा किसी अन्य तरीके से दी गई।

ढाका ने दोनों के शवों की स्थिति पर भी जवाब मांगा है। उसने पूछा है कि शव अभी कहां रखे गए हैं और क्या उन्हें बांग्लादेश भेजा जाएगा या सऊदी अरब में ही दफनाया जा चुका है।

कानूनी प्रक्रिया को लेकर बांग्लादेश ने पूछा है कि जांच और सुनवाई के दौरान दोनों नागरिकों को वकील या किसी दूसरी तरह की कानूनी सहायता मिली थी या नहीं। यह भी पूछा गया है कि क्या दोनों ने ऐसी सहायता की मांग की थी।

छठा सवाल सितंबर में सऊदी अधिकारियों को दी गई बांग्लादेशी कैदियों की सूची और सऊदी गृह मंत्रालय के सार्वजनिक बयान के बीच कथित विरोधाभास को लेकर है। बांग्लादेश के अनुसार, सूची में दोनों के खिलाफ व्यभिचार और आईटी संबंधी अपराधों का उल्लेख था, लेकिन सजा का जिक्र नहीं था।

क्या है मामला

स्रोत सामग्री के अनुसार, मक्का की एक मस्जिद के भीतर अश्लील हरकत करने का दोषी ठहराए जाने के बाद 14 अक्टूबर को बांग्लादेशी मूल के एक पुरुष और एक महिला को मौत की सजा दी गई थी। बांग्लादेश सरकार को इस कार्रवाई की आधिकारिक जानकारी पहले नहीं मिली थी।

मामला सामने आने के बाद जेद्दा स्थित बांग्लादेशी दूतावास ने 19 अक्टूबर को मक्का में सऊदी विदेश मंत्रालय की शाखा को नोट वर्बल भेजा। दूतावास के कांसुल जनरल ने उसी दिन सऊदी विदेश मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी से मुलाकात कर इस मुद्दे पर चर्चा की।

20 अन्य कैदियों की जानकारी भी मांगी

बांग्लादेश सरकार ने ढाका में तैनात सऊदी राजदूत के सामने भी यह मामला उठाया है। बांग्लादेशी अधिकारियों के मुताबिक, सजा पर अमल से पहले उन्हें कोई जानकारी नहीं दी गई थी।

ढाका ने 20 अन्य बांग्लादेशी नागरिकों के बारे में भी जानकारी मांगी है। उनके नाम कैदियों की सूची में दोषी के रूप में दर्ज हैं, लेकिन उनकी सजा स्पष्ट नहीं की गई है।

# सऊदी के जवाब का इंतजार

फिलहाल सऊदी अरब की ओर से बांग्लादेश के पत्र का जवाब आना बाकी है। इसलिए आरोपों, अदालत के फैसलों, सजा की प्रक्रिया और शवों की स्थिति से जुड़े ढाका के सवालों पर अभी कोई स्पष्ट आधिकारिक विवरण सामने नहीं आया है।

निष्कर्ष

बांग्लादेश ने 2 नागरिकों की मौत की सजा के मामले में सऊदी अरब से 6 बिंदुओं पर जानकारी मांगी है। इनमें आरोप, न्यायिक प्रक्रिया, कानूनी सहायता, सजा का तरीका और शवों की स्थिति शामिल हैं। अब इस मामले में सऊदी पक्ष के जवाब का इंतजार है।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Q. मक्का में कितने बांग्लादेशी नागरिकों को मौत की सजा दी गई?

मक्का में बांग्लादेशी मूल के एक पुरुष और एक महिला को मौत की सजा दी गई थी।

Q. बांग्लादेश ने सऊदी अरब से कितने सवाल पूछे हैं?

बांग्लादेश ने सऊदी अरब से 6 सवालों के जवाब मांगे हैं।

Q. ढाका ने किन मुख्य मुद्दों पर जानकारी मांगी?

सवालों में आरोप, गिरफ्तारी की तारीख, अदालत के फैसले, कानूनी सहायता, सजा देने का तरीका और शवों की स्थिति शामिल है।

Q. दोनों नागरिकों को सजा कब दी गई?

स्रोत सामग्री के अनुसार, उन्हें 14 अक्टूबर को मौत की सजा दी गई थी।

Q. बांग्लादेशी दूतावास ने सऊदी अधिकारियों से कब संपर्क किया?

जेद्दा स्थित बांग्लादेशी दूतावास ने 19 अक्टूबर को नोट वर्बल भेजा और उसी दिन एक वरिष्ठ अधिकारी से मुलाकात की।

Q. क्या सऊदी अरब ने बांग्लादेश के सवालों का जवाब दिया है?

फिलहाल सऊदी अरब की ओर से इस पत्र का जवाब नहीं मिला है।

Q. कितने अन्य कैदियों की जानकारी भी मांगी गई है?

बांग्लादेश ने 20 अन्य नागरिकों के बारे में जानकारी मांगी है, जिनकी सजा स्पष्ट नहीं की गई है।