तुर्किये से पाकिस्तान पहुंचे दर्जनों सैन्य विमान, ड्रोन और हथियारों की बड़ी खेप मिलने का दावा
19 से 21 अगस्त के बीच तुर्किये के सैन्य विमानों की पाकिस्तान के कई एयरबेस पर आवाजाही दर्ज हुई। रिपोर्ट के मुताबिक, इन विमानों से ड्रोन, मिसाइल और अन्य रक्षा उपकरण पहुंचाए गए। इसी बीच बलूचिस्तान में सैन्य कार्रवाई और पत्रकार दानिश इरशाद पर सरकारी कार्रवाई की खबर भी सामने आई है।
गगनयान: भारत के पहले मानव अंतरिक्ष मिशन में तीन यात्रियों को कक्षा में भेजने की योजना
भारत का पहला मानव अंतरिक्ष उड़ान कार्यक्रम गगनयान जनवरी 2019 में मंजूर हुआ था। मिशन के तहत तीन भारतीय अंतरिक्ष यात्रियों को लगभग 400 किलोमीटर की कक्षा में तीन दिन तक भेजने और फिर उन्हें सुरक्षित पृथ्वी पर लौटाने का उद्देश्य रखा गया है। भारत का पहला मानव अंतरिक्ष उड़ान कार्यक्रम गगनयान है।
पोस्ट ऑफिस TD में ₹5 लाख लगाने पर अवधि के हिसाब से कितना मिलेगा?
पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट में ₹5 लाख का निवेश करने पर मैच्योरिटी रकम चुनी गई अवधि के अनुसार बदलती है। एक साल की जमा पर लगभग ₹5,35,403 और पांच साल की जमा पर करीब ₹7,24,974 मिलेंगे। ब्याज दरें अलग-अलग अवधि के लिए तय हैं और सरकार इन्हें हर तिमाही समीक्षा करती है।
पोस्ट ऑफिस टीडी में ₹5 लाख लगाने पर अवधि के हिसाब से कितना मिलेगा
पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट में ₹5 लाख का निवेश करने पर मैच्योरिटी रकम चुनी गई अवधि के अनुसार बदलती है। एक साल में लगभग ₹5,35,403 से लेकर पांच साल में ₹7,24,974 तक मिल सकते हैं। ब्याज दरें अलग-अलग अवधि के लिए तय हैं और केवल पांच साल वाली टीडी पर पुराने टैक्स रिजीम में कर लाभ मिलता है।
पोस्ट ऑफिस टीडी में ₹5 लाख पर 1, 2, 3 और 5 साल में कितना मिलेगा
पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट में ₹5 लाख निवेश करने पर अवधि के मुताबिक मैच्योरिटी राशि बदलती है। 1 साल में लगभग ₹5,35,403 और 5 साल में करीब ₹7,24,974 मिलेंगे। ब्याज दरें अलग-अलग अवधि के लिए अलग हैं, जबकि टैक्स लाभ केवल 5 साल की टीडी पर उपलब्ध है। पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट (POTD) में ₹5 लाख निवेश करने पर मैच्योरिटी राशि चुनी गई अवधि के अनुसार बदलती है।
इनकम टैक्स के 8 नोटिस: क्यों आते हैं और मिलने पर क्या करना चाहिए
इनकम टैक्स विभाग रिटर्न की प्रोसेसिंग, असेसमेंट और टैक्स डिमांड के अलग-अलग चरणों में नोटिस जारी करता है। नोटिस का कारण और जवाब देने का तरीका संबंधित धारा पर निर्भर करता है। यहां आम नोटिस, उनकी वजह और जरूरी प्रतिक्रिया आसान भाषा में समझिए। इनकम टैक्स (Income Tax) विभाग रिटर्न की जांच, असेसमेंट और टैक्स डिमांड से जुड़े अलग-अलग मामलों में नोटिस भेजता है।
नरेंद्र मोदी ने स्पेस स्टार्टअप्स से की मुलाकात, वैश्विक प्रतिस्पर्धा पर दिया जोर
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत के स्पेस स्टार्टअप्स से मुलाकात की। बातचीत में निजी रॉकेट लॉन्च, अंतरिक्ष में ईंधन स्टेशन, सैटेलाइट निर्माण और वैश्विक विस्तार की योजनाएं सामने आईं। स्टार्टअप प्रतिनिधियों ने सरकारी सहयोग, निवेश और भारत की तकनीकी क्षमता को क्षेत्र की प्रमुख ताकत बताया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत के स्पेस स्टार्टअप्स से मुलाकात की और उनकी ऊर्जा, महत्वाकांक्षा तथा अंतरिक्ष क्षेत्र को लेकर सोच की सराहना की।
भारत में इस्तेमाल होने वाले 99% से ज्यादा मोबाइल देश में बने: MyGovIndia
MyGovIndia ने बताया कि भारत में इस्तेमाल होने वाले 99% से ज्यादा मोबाइल फोन देश में बनाए जाते हैं। पोस्ट के मुताबिक, मोबाइल निर्माण के क्षेत्र में भारत दुनिया में दूसरे स्थान पर है। इन आंकड़ों को देश में बढ़ते विनिर्माण इकोसिस्टम का संकेत बताया गया है। भारत में इस्तेमाल होने वाले 99% से ज्यादा मोबाइल फोन देश में ही बनाए जाते हैं।
डेंगू से बचाव के लिए घर के आसपास पानी जमा न होने दें
पोस्टर के मुताबिक डेंगू एडिस मच्छर के काटने से फैलने वाली वायरल बीमारी है। तेज बुखार, सिरदर्द, आंखों के पीछे दर्द, शरीर में दर्द, कमजोरी और त्वचा पर चकत्ते इसके प्रमुख लक्षण बताए गए हैं। लगातार उल्टी, पेट में तेज दर्द, चक्कर या रक्तस्राव होने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करने को कहा गया है।
प्रदेश में Ola, Uber और अन्य यात्री वाहनों का पोर्टल पर पंजीकरण अनिवार्य
प्रदेश में Ola, Uber, RedBus और इनड्राइव जैसी सेवाओं से चलने वाले कमर्शियल यात्री वाहनों का पंजीकरण परिवहन विभाग के पोर्टल पर जरूरी कर दिया गया है। नए नियमों के तहत 12 वर्ष तक पुराने वाहनों का पंजीकरण किया जा सकेगा। प्रदेश में Ola, Uber, RedBus और इनड्राइव जैसी सेवाओं से चलने वाले कमर्शियल यात्री वाहनों का पंजीकरण अब परिवहन विभाग के पोर्टल पर अनिवार्य कर दिया गया है।
2025–26 में भारत का मखाना उत्पादन 80,590 मीट्रिक टन पहुंचा
पीआईबी हिंदी के अनुसार, पोषक तत्वों से भरपूर पारंपरिक मखाना वैश्विक पहचान बना रहा है। 2025–26 में इसका उत्पादन 80,590 मीट्रिक टन दर्ज हुआ, जबकि औसत उपज 2.34 MT प्रति हेक्टेयर रही। इसे कृषि क्षेत्र में उत्पादन के नए कीर्तिमान से जोड़ा गया है। भारत का पारंपरिक मखाना वैश्विक पहचान बना रहा है।
इलेक्ट्रिक वाहन क्यों बन रहे हैं रोज़मर्रा की आवाजाही का व्यावहारिक विकल्प
पीआईबी हिंदी ने इलेक्ट्रिक वाहनों को रोज़मर्रा की यात्रा के लिए उपयोगी विकल्प बताया है। कम परिचालन और रखरखाव लागत, घर पर चार्जिंग की सुविधा, शांत ड्राइविंग और बढ़ता सार्वजनिक नेटवर्क इनके प्रमुख लाभों में शामिल हैं। भारत में अब 52,718 सार्वजनिक चार्जिंग स्टेशन हैं। इलेक्ट्रिक वाहन रोज़मर्रा की आवाजाही के लिए एक व्यावहारिक विकल्प बन रहे हैं।