मुंबई में शिवसेना नेता शाइना एनसी ने कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह के रामशिला और राम मंदिर से जुड़े बयानों पर पलटवार किया। उन्होंने कहा कि सिंह अलग-अलग वर्षों में रामशिला के पैसे, राम यात्रा के लिए जुटाई गई रकम और विश्व हिंदू परिषद के वित्तीय खातों पर सवाल उठा चुके हैं।
शाइना एनसी के मुताबिक, 1989 में दिग्विजय सिंह रामशिला पूजा में शामिल हुए थे और उस समय मध्य प्रदेश में कांग्रेस की सरकार के मुख्यमंत्री थे। उन्होंने सवाल किया कि तब उन्होंने इस मुद्दे पर आपत्ति क्यों नहीं जताई या अदालत का रुख क्यों नहीं किया।
उन्होंने कहा कि 2019 में अदालतों के राम मंदिर से जुड़े फैसले के बाद 2021 में 12.5 करोड़ परिवारों ने श्रद्धा, आस्था और भक्ति के तौर पर योगदान दिया। शाइना ने आरोप लगाया कि इसके बावजूद दिग्विजय सिंह ट्रस्ट की ओर से दी गई रसीद और ऑडिट प्रक्रिया पर सवाल उठा रहे हैं।
शाइना एनसी का दावा
शाइना एनसी ने यह भी कहा कि उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने अपराध करने वालों को जेल भेजना सुनिश्चित किया है। उनके अनुसार, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता की ऐसी टिप्पणी भगवान राम के प्रति सम्मान की कमी दिखाती है।
निष्कर्ष
शाइना एनसी ने दिग्विजय सिंह के बयानों को उनके पुराने रुख से जोड़ते हुए राम मंदिर ट्रस्ट की वित्तीय प्रक्रिया पर उठाए गए सवालों की आलोचना की।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Q. शाइना एनसी ने किसके बयान पर प्रतिक्रिया दी?
उन्होंने कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह के बयान पर प्रतिक्रिया दी।
Q. उन्होंने किन मुद्दों का जिक्र किया?
उन्होंने रामशिला के पैसे, राम यात्रा के लिए जुटाई गई रकम और विश्व हिंदू परिषद के वित्तीय खातों का जिक्र किया।
Q. 1989 से जुड़ा शाइना एनसी का दावा क्या है?
उन्होंने कहा कि 1989 में दिग्विजय सिंह रामशिला पूजा में शामिल हुए थे और मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री थे।
Q. 2021 में कितने परिवारों के योगदान का उल्लेख किया गया?
शाइना एनसी ने 12.5 करोड़ परिवारों के योगदान का उल्लेख किया।
Q. उन्होंने राम मंदिर ट्रस्ट से जुड़े किन मुद्दों का जिक्र किया?
उन्होंने ट्रस्ट की रसीद और ऑडिट प्रक्रिया पर उठाए गए सवालों का जिक्र किया।










