महाराष्ट्र सरकार ने महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग (एमपीएससी) से जुड़ी कथित अनियमितताओं की जांच और सुधारों के लिए समिति बनाई है। एफडीए कमिश्नर तुकाराम मुंडे को समिति का सचिव नियुक्त किया गया है। सरकार के इस फैसले के बाद पुणे में उम्मीदवारों का 10 दिनों से चल रहा आंदोलन खत्म हो गया।
समिति में मुंडे के अलावा पूर्व जज दिलीप भोसले, आईपीएस अधिकारी लक्ष्मी गौतम, पूर्व आईएएस अधिकारी गणेश पाटिल और रिटायर्ड जज पीडी नाइक को शामिल किया गया है। समिति का गठन राज्य भर्ती संस्था से जुड़े मामलों की जांच के लिए किया गया है।
प्रदर्शन खत्म होने की वजह
राज्य सरकार के प्रतिनिधिमंडल ने आंदोलन कर रहे उम्मीदवारों से मुलाकात की। इस प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व मंत्री शिवेंद्रराजे भोसले ने किया। बैठक में उम्मीदवारों को समिति के गठन और उनकी मांगों पर सरकार के रुख की जानकारी दी गई।
एमपीएससी उम्मीदवारों की मुख्य मांग चेयरमैन विवेक भीमन्वार को पद से हटाना थी। विरोध के दौरान एनसीपी (एसपी) विधायक रोहित पवार ने सुझाव दिया कि इस्तीफे की प्रक्रिया पूरी होने तक भीमन्वार को जांच पूरी होने तक जिम्मेदारी से दूर रखा जाए।
इस मुद्दे पर प्रदर्शन स्थल पर कुछ समय के लिए असमंजस की स्थिति बनी। इसके बाद शिवेंद्रराजे भोसले ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के साथ इस मांग पर चर्चा की। लौटने के बाद उन्होंने प्रदर्शनकारियों को बताया कि सरकार उनकी मांग मान रही है।
सरकार के आश्वासन के बाद उम्मीदवारों के प्रतिनिधियों में शामिल विवेकानंद पाटिल ने आंदोलन फिलहाल खत्म करने की घोषणा की। प्रदर्शन रविवार देर रात समाप्त हुआ।
चेयरमैन विवेक भीमन्वार छुट्टी पर
एमपीएससी चेयरमैन विवेक भीमन्वार ने कहा है कि जांच पूरी होने तक वह छुट्टी पर रहेंगे। यह घोषणा तुकाराम मुंडे को समिति का सचिव बनाए जाने और प्रदर्शन खत्म होने के बाद हुई।
सरकार ने प्रदर्शनकारियों की अन्य मांगों पर भी ध्यान देने की बात कही है। इनमें आंदोलन से जुड़े कुछ लोगों के खिलाफ दर्ज मामले वापस लेना, 3 साल में 70 हजार पदों पर भर्ती और जनवरी में होने वाली ग्रुप सी परीक्षा में सीटों की संख्या बढ़ाना शामिल है।
इन मांगों पर सरकार की ओर से आश्वासन दिया गया है। उपलब्ध जानकारी में इनके लागू होने की अलग घोषणा नहीं की गई है।
निष्कर्ष
एमपीएससी से जुड़ी कथित अनियमितताओं की जांच के लिए महाराष्ट्र सरकार ने समिति गठित की है और तुकाराम मुंडे को सचिव बनाया है। चेयरमैन विवेक भीमन्वार के जांच पूरी होने तक छुट्टी पर रहने की घोषणा के बाद पुणे में उम्मीदवारों ने 10 दिनों का आंदोलन फिलहाल खत्म कर दिया।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Q. एमपीएससी मामले में महाराष्ट्र सरकार ने क्या किया?
सरकार ने एमपीएससी से जुड़ी कथित अनियमितताओं और बदलावों की जांच के लिए समिति बनाई है।
Q. समिति के सचिव कौन हैं?
एफडीए कमिश्नर तुकाराम मुंडे को समिति का सचिव नियुक्त किया गया है।
Q. समिति में कौन-कौन शामिल हैं?
समिति में तुकाराम मुंडे, पूर्व जज दिलीप भोसले, आईपीएस अधिकारी लक्ष्मी गौतम, पूर्व आईएएस अधिकारी गणेश पाटिल और रिटायर्ड जज पीडी नाइक शामिल हैं।
Q. पुणे में छात्रों का आंदोलन क्यों खत्म हुआ?
सरकार के समिति बनाने और मांगों पर आश्वासन देने के बाद उम्मीदवारों ने 10 दिनों से चल रहा आंदोलन फिलहाल खत्म कर दिया।
Q. एमपीएससी चेयरमैन विवेक भीमन्वार के बारे में क्या घोषणा हुई?
विवेक भीमन्वार ने जांच पूरी होने तक छुट्टी पर रहने की घोषणा की है।
Q. प्रदर्शनकारियों की अन्य मांगें क्या हैं?
इनमें कुछ आंदोलनकारियों के खिलाफ दर्ज मामले वापस लेना, 3 साल में 70 हजार पदों पर भर्ती और जनवरी की ग्रुप सी परीक्षा में सीटें बढ़ाना शामिल है।







