नई दिल्ली में CJP के प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन से पहले पुलिस ने बड़ी सुरक्षा व्यवस्था की और कई प्रदर्शनकारियों, नेताओं तथा पत्रकारों को हिरासत में लिया। प्रदर्शनकारी चुनाव आयोग की स्पेशल इंटेंसिव रिविजन यानी SIR में कथित गड़बड़ियों के खिलाफ प्रदर्शन करना चाहते थे। उनकी प्रमुख मांग मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा थी।

जंतर-मंतर को पुलिस ने प्रदर्शन से पहले सील कर दिया था। वहां पहुंचने वाले रास्तों पर बैरिकेड लगाए गए और प्रवेश तथा निकास के तीन प्रमुख बिंदुओं पर लाउडस्पीकर से चेतावनी दी गई। पुलिस ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 163 के तहत भीड़, जुलूस, सड़क रोकने और अन्य प्रतिबंधित गतिविधियों पर रोक की बात कही।

CJP के प्रमुख नेताओं अभिजीत दिपके, सौरव दास और आशुतोष रंका को उन सैकड़ों प्रदर्शनकारियों और पत्रकारों के साथ हिरासत में लिया गया, जो सेंट्रल दिल्ली में जुटने की कोशिश कर रहे थे। रिपोर्ट के मुताबिक, रत्ना सिंह, एमए बेबी, पिनाराई विजयन और जॉन ब्रिटास समेत कई अन्य लोगों को भी पुलिस ने हिरासत में लिया।

राजधानी में सुरक्षा के लिए 40,000 से अधिक दिल्ली पुलिस और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल के जवान तैनात किए गए। सिंगर विशाल ददलानी ने कार्रवाई पर प्रतिक्रिया देते हुए दावा किया कि 23 बटालियन बुलाई गईं और ट्रेन तथा मेट्रो सेवाएं रद्द कर दी गईं।

प्रकाश राज ने कार्रवाई पर सवाल उठाए

एक्टर और एक्टिविस्ट प्रकाश राज ने हिरासत की कार्रवाई की आलोचना की। उन्होंने सोशल मीडिया पर साझा किए गए वीडियो में अभिजीत दिपके, सौरव दास और आशुतोष रंका को फ्लाइट से हिरासत में लिए जाने पर सवाल किया।

प्रकाश राज ने कहा कि प्रदर्शन स्थल तक पहुंचने से पहले युवाओं को हिरासत में लेना उनकी आवाज को खत्म नहीं करता। उन्होंने इसे लोकतंत्र को लेकर लंबी लड़ाई बताया और कहा कि सवाल पूछे जाते रहेंगे।

1 दिन पहले उन्होंने ट्रेन रद्द होने और भारी पुलिस तैनाती से जुड़ी खबरों पर भी प्रतिक्रिया दी थी। इस दौरान उन्होंने अपनी फिल्म 'सिंघम' के एक संवाद का संदर्भ लेते हुए वीडियो साझा किया।

अनुराग कश्यप और अन्य फिल्मी हस्तियों की प्रतिक्रिया

डायरेक्टर अनुराग कश्यप ने शनिवार को इंस्टाग्राम पर प्रदर्शनकारियों के समर्थन में टिप्पणी की। एक अलग पोस्ट में उन्होंने लोगों से ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन की अध्यक्ष नेहा बोरा को लाइव फॉलो करने की अपील की। नेहा बोरा ने दिल्ली हाट में सैकड़ों लोगों के साथ प्रदर्शन शुरू किया था और बाद में उन्हें भी हिरासत में लिया गया।

एडिटर और फिल्ममेकर अपूर्वा असरानी ने अभिजीत दिपके, रत्ना सिंह और ध्रुव राठी की हिरासत का उल्लेख करते हुए इसे तानाशाही और लोकतंत्र के अंत से जोड़ा। शिरीष कुंदर ने भी सवाल उठाया कि अपने ही लोगों से बचने के लिए ताकत का इस्तेमाल करने वाली व्यवस्था कितने समय तक टिक सकती है।

फिल्ममेकर विक्रमादित्य मोटवाने ने दिल्ली में प्रदर्शनकारियों की हिरासत की निंदा करते हुए कई पोस्ट साझा किए। एक्टर मोहम्मद जीशान अय्यूब ने प्रदर्शनकारियों के समर्थन में बर्टोल्ट ब्रेख्त की कविता का हिंदी अनुवाद साझा किया। कॉमेडियन वीर दास ने 'स्ट्राइसैंड इफेक्ट' के जरिए कहा कि किसी मुद्दे को दबाने की कोशिश कभी-कभी उसे और अधिक चर्चा में ला सकती है।

विशाल ददलानी ने आरोप लगाया कि कार्रवाई प्रदर्शन के अधिकार के खिलाफ है और कहा कि इस घटनाक्रम को पूरी दुनिया देख रही है। उनके मुताबिक, शहर में ट्रेनों और मेट्रो के रद्द होने से सामान्य गतिविधियां प्रभावित हुईं।

निष्कर्ष

CJP के SIR-विरोधी प्रदर्शन से पहले दिल्ली में बड़े स्तर पर सुरक्षा तैनाती और हिरासत की कार्रवाई हुई। प्रदर्शनकारियों की मांग और पुलिस कार्रवाई के बीच फिल्म जगत की कई हस्तियों ने अभिव्यक्ति और विरोध के अधिकार को लेकर सवाल उठाए।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Q. CJP प्रदर्शनकारी किस मुद्दे पर विरोध कर रहे थे?

वे चुनाव आयोग की स्पेशल इंटेंसिव रिविजन यानी SIR में कथित गड़बड़ियों का विरोध कर रहे थे।

Q. प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांग क्या थी?

वे मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रहे थे।

Q. किन प्रमुख लोगों को हिरासत में लिया गया?

अभिजीत दिपके, सौरव दास और आशुतोष रंका समेत कई प्रदर्शनकारी और पत्रकार हिरासत में लिए गए।

Q. दिल्ली में कितने सुरक्षा personnel तैनात किए गए?

राजधानी में 40,000 से अधिक दिल्ली पुलिस और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल के जवान तैनात किए गए।

Q. फिल्म जगत से किन लोगों ने प्रतिक्रिया दी?

प्रकाश राज, अनुराग कश्यप, अपूर्वा असरानी, विशाल ददलानी, शिरीष कुंदर, विक्रमादित्य मोटवाने, मोहम्मद जीशान अय्यूब और वीर दास ने प्रतिक्रिया दी।

Q. जंतर-मंतर पर पुलिस ने क्या व्यवस्था की?

जंतर-मंतर को सील किया गया, रास्तों पर बैरिकेड लगाए गए और लाउडस्पीकर से प्रतिबंधों की चेतावनी दी गई।