बंद पड़ी Jet Airways से जुड़े मामले में राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (NCLT) ने कंपनी के परिसमापक की याचिका खारिज कर दी है। याचिका में वैश्विक एयरोस्पेस निर्माता Boeing से Rs 500 करोड़ की वापसी की मांग की गई थी।
यह मामला Jet Airways की परिसमापन प्रक्रिया से जुड़ा है। परिसमापक ने tribunal के सामने Boeing से रकम वापस दिलाने का अनुरोध रखा था। NCLT के फैसले के बाद यह मांग स्वीकार नहीं हुई।
मामले में क्या हुआ
Jet Airways के परिसमापक ने Boeing के खिलाफ Rs 500 करोड़ की वापसी की मांग रखी थी। राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण ने इस याचिका को खारिज कर दिया।
मामले में Boeing को वैश्विक एयरोस्पेस निर्माता और Jet Airways को बंद पड़ी एयरलाइन के रूप में बताया गया है। याचिका खारिज होने से Boeing से मांगी गई रकम की वापसी का अनुरोध सफल नहीं हुआ।
फैसले का सीधा असर
NCLT के आदेश के बाद परिसमापक की Rs 500 करोड़ वापस पाने की मांग आगे स्वीकार नहीं की गई। इस फैसले से Jet Airways से जुड़े परिसमापन मामले में रकम वापसी के इस अनुरोध पर tribunal का रुख स्पष्ट हुआ है।
फैसले की तारीख, tribunal की विस्तृत टिप्पणी और आगे की कानूनी प्रक्रिया की जानकारी उपलब्ध नहीं है।
निष्कर्ष
NCLT ने Jet Airways के परिसमापक की Boeing से Rs 500 करोड़ वापसी की याचिका खारिज कर दी है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Q. NCLT ने किसकी याचिका खारिज की?
राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण ने Jet Airways के परिसमापक की याचिका खारिज की।
Q. याचिका में किससे रकम वापस मांगने की बात थी?
याचिका में Boeing से रकम वापस दिलाने की मांग की गई थी।
Q. कितनी रकम की वापसी मांगी गई थी?
याचिका में Rs 500 करोड़ की वापसी मांगी गई थी।
Q. Jet Airways की स्थिति क्या बताई गई है?
Jet Airways को बंद पड़ी एयरलाइन बताया गया है।
Q. Boeing को किस रूप में बताया गया है?
Boeing को वैश्विक एयरोस्पेस निर्माता बताया गया है।














