जर्मन कंपनियां हैदराबाद में निवेश करने और GCCs स्थापित करने में बढ़ती दिलचस्पी दिखा रही हैं। जर्मन कॉन्सुल जनरल माइकल हैस्पर ने कहा कि शहर जर्मन कारोबारों के लिए एक अहम टेक्नोलॉजी हब के रूप में उभर रहा है।

हैस्पर ने हैदराबाद में 'Day Of German Unity 2026' समारोह के मौके पर PTI Videos से बातचीत में यह बात कही। उन्होंने बताया कि जर्मन कंपनियों की दिलचस्पी रिसर्च एंड डेवलपमेंट, प्रोडक्ट डेवलपमेंट, IT और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे क्षेत्रों में है।

उन्होंने कहा, “भारत-जर्मनी के आर्थिक संबंध आज जितने करीबी हैं, उतने पहले कभी नहीं रहे। हम बहुत-सी जर्मन कंपनियों को हैदराबाद आते और खास तौर पर यहां GCCs स्थापित करते देख रहे हैं।”

हैदराबाद का टेक्नोलॉजी हब के रूप में उभरना

हैस्पर के अनुसार, हैदराबाद जर्मन व्यवसायों के लिए तकनीक से जुड़े कामकाज का महत्वपूर्ण केंद्र बन रहा है। शहर में रिसर्च एंड डेवलपमेंट, प्रोडक्ट डेवलपमेंट, IT और AI से जुड़े निवेश आकर्षित हो रहे हैं।

हालांकि, उपलब्ध जानकारी में किसी कंपनी का नाम, निवेश की रकम, GCCs की संख्या या किसी परियोजना की समयसीमा नहीं बताई गई है। इसलिए इस बयान से जर्मन कंपनियों की रुचि का संकेत मिलता है, लेकिन किसी निश्चित निवेश या परियोजना की घोषणा की पुष्टि नहीं होती।

भारत-जर्मनी कारोबारी संबंध

हैस्पर ने भारत और जर्मनी के आर्थिक संबंधों को मौजूदा दौर में बेहद करीबी बताया। उनका बयान हैदराबाद में जर्मन कंपनियों की बढ़ती कारोबारी मौजूदगी और तकनीकी क्षेत्रों में संभावित विस्तार पर केंद्रित रहा।

निष्कर्ष

जर्मन कॉन्सुल जनरल माइकल हैस्पर के मुताबिक, हैदराबाद जर्मन कंपनियों के लिए तकनीक, रिसर्च, IT और AI से जुड़े कामकाज का अहम केंद्र बन रहा है। कंपनियां शहर में निवेश और GCCs स्थापित करने में रुचि दिखा रही हैं, लेकिन उपलब्ध जानकारी में किसी निश्चित निवेश का ब्योरा नहीं है।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Q. हैदराबाद में जर्मन कंपनियां क्या करना चाहती हैं?

जर्मन कंपनियां हैदराबाद में निवेश करने और GCCs स्थापित करने में रुचि दिखा रही हैं।

Q. किन क्षेत्रों में जर्मन कंपनियों की दिलचस्पी है?

रिसर्च एंड डेवलपमेंट, प्रोडक्ट डेवलपमेंट, IT और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस में।

Q. यह जानकारी किसने दी?

जर्मन कॉन्सुल जनरल माइकल हैस्पर ने PTI Videos से बातचीत में यह जानकारी दी।

Q. यह बयान किस मौके पर दिया गया?

यह बयान हैदराबाद में 'Day Of German Unity 2026' समारोह के मौके पर दिया गया।

Q. क्या किसी निवेश की रकम बताई गई है?

नहीं, उपलब्ध जानकारी में निवेश की रकम, कंपनियों के नाम या परियोजनाओं की समयसीमा नहीं बताई गई है।